अध्याय 118 एक चीज दूसरे को वश में करती है

बोल न पाने की हालत में रोनाल्ड ने थोड़ी मायूसी लिए एडेलिन की तरफ देखा, फिर उसे उठा लिया ताकि उसकी टाँगें उसकी कमर के इर्द-गिर्द लिपट जाएँ।

एडेलिन ने गुस्से से उसे घूरा, फिर गला साफ़ किया। “माँ, कुछ नहीं है। मैं बस पानी लेने उठी थी।”

इतना कहते ही उसे अपनी हथेली पर जीभ का एक स्पर्श महसूस हुआ।

रोनाल...

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